MALANA ENTRANCE

मलाना: एक रहस्यमई गाँव!

Malana Villege in Hindi , Malana Cream

हिमाचल प्रदेश के जिला कुल्लू से लगभग 45 कि0 मी0 दूर पार्वती घाटी में मलाना नदी के किनारे बसा एक छोटा सा प्राचीन  गाँव है मलाना

मलाणा कुल्लू का प्रमुख पर्यटन स्थल है। यह गाँव बाहरी दुनिया से कटा हुआ है।

यह गाँव हिंदुस्तान में होते हुए भी हिंदुस्तान से अलग है।

गाँव में हर चीज गाँव के कानून के हिसाब से ही चलती है।

गाँव का अपना ही लोकतंत्र और कानून है। यह गाँव विश्व के प्राचीन गाँवों में से एक है।

यहाँ की यात्रा करने का सबसे अच्छा समय मार्च से जून तक का है।

इस गावं में बाहरी कानून नही चलता। गाँव में प्रवेश कुछ शर्तो के साथ दिया जाता है।

यहाँ इनकी अपनी ही संसद और अपनी ही अदालत है।

जो सभी प्रकार के फैसले लेती है। गाँव में दो सदन है छोटा सदन और बड़ा सदन।

बड़े सदन में 11 सदस्य होते है। जिसमे 8 सदस्य  गाँव वाले चुनते है।

तीन सदस्य पुजारी , गूर तथा कारदार स्थायी होते है।

प्रतेक घर से सबसे बजुर्ग व्यक्ति सदन का सदस्य होता है।

सभी फैसले इसी सदन द्वारा निपटाए जाते है।

गाँव में जमलू ऋषि का एक मन्दिर है। इसी को मलानावासी अपना देवता मानते है।

कई मामलो में अंतिम फैसला देवता द्वारा किया जाता है। जो सभी को मान्य होता है। जिस की प्रक्रिया गूर द्वारा की जाती है।

यहाँ के निवासी खुद को सिकंदर के वंशज मानते है।

गाँव वालों के मुताबिक मुग़ल सम्राट अकबर अपना इलाज़ करवाने यहाँ आया था।

जब वो पूरी तरह ठीक होगया तो उसने यहाँ रहने वालों को कर से मुक्त कर दिया था।

यहाँ  कानाशी भाषा बोलते है।जो इसी गाँव में बोली और समझी जाती है।

किसी बाहरी व्यक्ति को गाँव की किसी भी चीज जैसे गाँव वालो के घर, मन्दिर तथा व्यक्ति को छुने की इजाजत नहीं है।

ऐसा करने पर यहाँ 3500/- रू तक जुर्माना वसूला जाता है।

इनकी ओर से जगह जगह  नोटिस भी लगाये गए है, जिसमें साफ तौर पर लिखा गया है कि किसी भी चीज को छूने पर आप को जुर्माना भरना होगा।

इस नियम का पालन कराने के लिए यहां के लोग इस पर कड़ी नजर रखते हैं।

इस गॉव की जनसँख्या 5000 के लगभग है ।

पर्यटकों के लिए गाँव में ठहरने की कोई सुविधा नही है। पर्यटकों को गावं के बहार लगे टेंट में रुकना पड़ता है।

विदेशी पर्यटकों काइस गाँवमें  आना जाना ज्यादा रहता है । इस गावं की काली सचाई यह भी है कि यहाँ नशे का कारोबार खूब होता है ।

यहाँ पर मिलने वाली चरस पूरी दुनिया में मशहूर है । इसे मलाना क्रीम के नाम से भी जाना जाता है ।

प्रशासन के लिए यहाँ नशे के इस कारोबार को रोकना बहुत मुश्किल होता ।

प्रशासन की करवाई के बाद भी यहाँ से चरस तथा अफीम की भारी मात्रा में तस्करी होती है।


0 Comments

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *